Interacted with officials from Railways and Coal via a video conference and took stock of coal supplies to Power Plants. We are committed to ensuring an uninterrupted supply of coal to the power plants to meet the needs of the growing economy

Speaking at Jan Ashirwad Yatra, in Chhindwara

रविशंकर जी, बावरिया जी, राज्य सभा में सांसद और भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता माननीय प्रभात झा जी, मंचासीन सभी महानुभाव और परासिया की खदानों के इलाके में रहने वाले सभी नागरिक भाईयों और बहनों को मैं नमन करता हूँ, धन्यवाद करता हूँ कि आपने सालों साल देश की सेवा की है, खदानों से कोयला निकालकर पूरे देश में बिजली आपके प्रयासों से और आपके कर्मठ कामों से पूरे देश को बिजली से सुन्दर बनाया जाता है| मैं आप सबको नमन करता हूँ, आप सबका बहुत-बहुत धन्यवाद करता हूँ|

वास्तव में दो साल बाद आज मैं छिंदवाड़ा आया हूँ| दो साल पहले जब आया था तब मुझे पता चला कि इतने वर्षों से यहाँ के जनप्रतिनिधि, और आप लोगों ने तो शायद इतने मौके दिए, इतने मौके दिए, उसके बावजूद कैसे आप सबको भ्रम में रखते थे| जब दो साल पहले आया एक खदान को खोलने के लिए – जमुनिया, जमुनिया खदान खोलने मैं दो वर्ष पहले आया था और तब मैंने वहां एक बोर्ड देखा उद्घाटन का| मैंने कहा 2016 हो गया यह तो बोर्ड 2013 का है, 2014 का है, तो आप लोग मुझे वापिस क्यों लेकर आये हो? बोले वह तो सिर्फ एक बोर्ड लगा दिया था उसके बाद ढाई वर्ष तक कुछ काम नहीं हुआ, सिर्फ नाम मात्र चुनाव के पहले एक बोर्ड लगाने के लिए यहाँ पर एक कार्यक्रम किया गया लेकिन कोई खदान खोलने की न इच्छा थी न कोई कदम उठाया गया|

हमने जमुनिया की तो खदान खोल ही दी, उसके थोड़े ही महीने बाद दूसरी, न्यू सेठिया की खदान भी 2016 में खोल दी तो दो नयी खदानें छिंदवाड़ा में 2016 में खोली गयी| आज मध्य प्रदेश में 19 खदानें कोयला निकाल रही हैं, मध्य प्रदेश को राजस्व दे रही हैं, हजारों लोगों को रोज़गार मिल रहा है, सैंकड़ों हजारों लोगों को अलग-अलग प्रकार से व्यापार के माध्यम से अलग-अलग क्षेत्र में काम करने से कमाई हो रही है|

लेकिन शिवराज भईया इससे संतुष्ट नहीं होते हैं, शिवराज भईया तो बोलते हैं और विकास चाहिए छिंदवाड़ा को, और काम चाहिए छिंदवाड़ा को| और मुझे याद है जिस दिन शिवराज जी आये थे दिल्ली कि यह जो दो खदानें बंद करने का प्रस्ताव अधिकारियों ने बनाया है एक थी मौरी और एक थी विष्णुपरी नंबर दो| यह दोनों खदान क्योंकि घाटे में चल रही थी तो प्रस्ताव था कि इनको बंद कर दिया जाये|

शिवराज भईया तुरंत दिल्ली आये, कहा कितना भी घाटा हो और अगर कोल इंडिया नहीं सहन कर सकती तो मध्य प्रदेश सरकार सहन कर लेगी लेकिन कोई भी खदान मेरे क्षेत्र में बंद नहीं होगी| मुझे बड़ी शर्मिंदगी हुई कि ऐसा बोलना पड़ रहा है शिवराज जी को तो तुरंत आदेश दिया कि नयी टेक्नोलॉजी लायी जाये| और शिवराज जी मेरे पास यही प्रस्ताव लेकर आये थे कि आप नयी टेक्नोलॉजी क्यों नहीं इस्तेमाल करते हो जिससे खदानों को मुनाफे में किया जा सके|

तो मैंने अधिकारियों को आदेश दिया कि इन दोनों खदानों को पुनः एक बार डायरेक्टर जेनरल माइन सेफ्टी स्टडी करे, देखे कि क्या टेक्नोलॉजी से यह दोनों खदानें मुनाफे में आ सकती हैं| और आज मुझे घोषित करते हुए ख़ुशी होती है कि मौरी अंडरग्राउंड खदान में भी प्रति दिन 200 टन कोयला अधिक निकालकर हमारे कर्मचारियों ने, आप सबने उसको भी मुनाफे में ले आया है| और जो विष्णुपुरी नंबर 2 अंडरग्राउंड माइन थी उसको भी अब ओपन कास्ट माइन करके हम मुनाफे में चलाएंगे, कोई माइन छिंदवाड़ा में बंद नहीं होगी|

अब शिवराज जी तो कभी संतुष्ट हो ही नहीं सकते हैं, वह तो चाहते हैं कि मध्य प्रदेश की जनता को और मिल सकता है आप देखो, आप पता करो| तो अधिकारियों को लगाया गया कि भाई ढूंढो और क्या-क्या जगह है जहाँ पर रोज़गार के नए अवसर बन सकते हैं, जहाँ से प्रदेश में लोगों को काम मिल सकता है, व्यापार बढ़ सकता है, प्रदेश का राजस्व आ सकता है| डिस्ट्रिक्ट मिनरल फण्ड जो आपके जिल्ले में विकास की योजनाओं के लिए प्रति टन जो कोयला निकलता है उसमें एक हिस्सा डिस्ट्रिक्ट मिनरल फण्ड के माध्यम से इस इलाके में, इस जिल्ले में कैसे विकास के कार्य करे जा सकते हैं उसमें और राजस्व मिले, इसके लिए 6 नयी माइनें हमने निकाली हैं और मैं हर माइन के सामने एक महीना बताऊंगा और उस महीने में उस खदान का काम शुरू करने का वादा आज मैं यहाँ पर देकर जा रहा हूँ, जैसे दो साल पहले मैंने वादा किया था दो महीनों का और दोनों खोली हैं|

वैसे आज मध्य प्रदेश में यह 6 नयी खदानों का वादा करके जा रहा हूँ और आपको विश्वास दिलाता हूँ यह 6 की 6 माइन अपने-अपने निर्धारित समय पर खुलेंगी, हजारों लोगों को रोज़गार मिलेगा, नया व्यापार का अवसर मिलेगा, और लोगों को अलग-अलग तरीके से काम करने के लिए मौका मिलेगा| ऐसी 6 माइनें, शारदा अंडरग्राउंड माइन जिसमें 4 लाख टन कोयला हर वर्ष निकलेगा, इसको 60 करोड़ रुपये की लागत लगाकर, कंधार एरिया में, छिंदवाड़ा में जो कंधार इलाका है यहाँ पर दिसम्बर 2018, यानी आज से 3 महीने के अन्दर इसका काम शुरू करेंगे, सिर्फ तीन महीने के अन्दर|

धानकसा अंडरग्राउंड माइन जो पेंच में स्थित है, पेंच छिंदवाड़ा में ही है, पेंच में धानकसा अंडरग्राउंड माइन में 10 लाख टन प्रति वर्ष कोयला निकालने वाली माइन जिसमें 460 करोड़ रुपये की लागत लगेगी, इसको हम मार्च 2019 तक शुरू करेंगे| और देखिए भाईयो बहनों, हम कोई बहुत लम्बी प्रॉमिस नहीं कर रहे हैं, लम्बी आपको आश्वासन नहीं दे रहे हैं| दिसम्बर सिर्फ तीन महीने में है, मार्च सिर्फ आजसे 6 महीने में है और दिसम्बर में भी आपको मौका मिलेगा चुनाव जाने का और अप्रैल-मई में भी मौका मिलेगा तो आप हमारे काम को देखकर हमें समर्थन देना, हमें आशीर्वाद देना| मार्च में धानकसा को शुरू करेंगे 460 करोड़ रुपये की लागत से|

इसके अलावा विष्णुपुरी की जो एक नंबर और दो नंबर, दोनों माइन को जोड़कर एक बड़ी ओपन कास्ट माइन बनेगी जिसमें 20 लाख टन प्रति वर्ष कोयला निकलेगा| इसमें और 200 करोड़ रुपये की लागत लगाकर पेंच में जून 2019 तक यह ओपन कास्ट माइन विष्णुपुरी एक और दो यह दोनों जोड़कर शुरू की जाएगी| इसके अलावा नारायणी-कलायणी ओपन कास्ट माइन जिसमें 25 लाख टन कोयला प्रति वर्ष निकलेगा| इसको 80 करोड़ रुपये की लागत से कंधार में शुरू किया जायेगा सितम्बर 2019 तक|

पांचवी माइन – टवा नंबर 3 अंडरग्राउंड माइन जिसमें 5 लाख टन कोयला 150 करोड़ रुपये की लागत से पथाखेरा बैतूल में शुरू की जाएगी दिसम्बर 2019 तक| और साथ ही साथ छठी माइन गांधीग्राम अंडरग्राउंड माइन जिसमें 16 लाख टन प्रति वर्ष कोयला निकलेगा, इसमें 650 करोड़ रुपये की लागत लगेगी| यह भी पथाखेरा बैतूल में मार्च 2020 तक शुरू हो जाएगी, यानी 18 महीने 6 माइन 80 लाख कोयला प्रति वर्ष 1600 करोड़ रुपये का निवेश और हजारों लोगों को रोज़गार करने वाली योजनायें| मैं आज आपको आश्वस्त करके जाता हूँ प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के आशीर्वाद से और माननीय शिवराज सिंह चौहान जी से जो समर्थन लगातार राज्य सरकार से मिलता है इससे यह 80 लाख टन कोयला जब छिंदवाड़ा और बैतूल में निकलेगा तो आप कल्पना करिए कितने लोगों को ट्रक चलाने का अवसर मिलेगा, कितनी दुकानों को नया व्यापार करने का मौका मिलेगा, कितने नए व्यापारियों को काम मिलेगा, हजारों की संख्या में मजदूर भाईयों बहनों को रोज़गार मिलेगा, सैंकड़ों करोड़ रुपये ज़मीन के एवज़ में आप सबको मिलेंगे, टैक्सियाँ चलेंगी, होटल चलेंगे, दुकानें चलेंगी, पूरी जो अर्थव्यवस्था है छिंदवाड़ा की, बैतूल की इसमें एक नया उछाल, नए विकास, नयी प्रगति की जो लहर आएगी मैं समझता हूँ यह जब केंद्र सरकार और राज्य सरकार दोनों विकास से प्रेरित हो, दोनों सरकारों में एक गरीब व्यक्ति, एक किसान का बेटा जब आप चुनकर भेजते हो तब वहां पर एक गरीब जिसने चाय बेचकर अपना जीवन शुरू किया, देश का प्रधानमंत्री बनता है, और एक आपका मामा जो जीवन भर आपकी सेवा में लगा रहा वह जब आपका मुख्यमंत्री बनता है तो रेल गाड़ी की डबल इंजन लगती है विकास के कार्य में और तेज़ रफ़्तार से जब विकास होता है तभी प्रदेश में और देश में गरीबी को हम मिटा पाएंगे, तभी देश के हर नागरिक का अपना घर होगा, उस घर में चौबीस घंटे बिजली होगी, अच्छा पेयजल होगा, शौचालय होगा, अच्छी स्वास्थ्य की मुफ्त में सेवाएं मिलेंगी|

शिवराज भईया ने तो अन्नौंस कर दिया है कि बच्चों की शिक्षा, गरीब और निम्न मध्यम वर्गीय बच्चों की शिक्षा, स्कूल से लेकर कॉलेज तक मुफ्त में अच्छी शिक्षा मिलेगी, अच्छी सडकें बनेंगी| मैं समझता हूँ विकास के हर कार्य में जो आज केंद्र और राज्य सरकार मिलकर मध्य प्रदेश के हर व्यक्ति के जीवन में जो नयी उमंग, नयी लहर विकास की आई है इसके लिए मैं शिवराज भईया को तहे दिल से बधाई दूंगा और धन्यवाद दूंगा आप सबकी तरफ से कि उन्होंने दिन और रात एक करके कैसे विकास पूरे मध्य प्रदेश में लाया है|

मैं समझता हूँ देश में सबसे एक नंबर का अगर कोई राज्य है जिसमें 18% से अधिक हर वर्ष किसान की आमदनी में और जो उत्पादन किसान करता है उसमें 18% की वृद्धि हर वर्ष अगर किसी एक राज्य ने लगातार वर्षों से की है तो वह मध्य प्रदेश है| और प्रधानमंत्री जी का जो सपना है कि हर किसान की आमदनी 2022 तक दुगनी हो जाये मुझे पूरा विश्वास है मध्य प्रदेश उसमें अग्रसर रहेगा, सबसे तेज़ गति से काम करेगा और यहाँ के हर किसान भाई बहन का जीवन कैसे अच्छा बना सके उसमें शिवराज भईया ने जो इतने प्रयत्न किये हैं| तो केंद्र सरकार की योजनाओं को और राज्य सरकार की योजनाओं को घर-घर तक, खेत-खेत तक पहुंचाया है, चाहे वह फसल बीमा योजना हो, चाहे वह लागत का डेढ़ गुना एमएसपी हो, न्यूनतम समर्थन मूल्य की योजना हो, चाहे वह भावान्तर योजना से हर एक को फायदा पहुंचाने का काम हो, मैं समझता हूँ हर क्षेत्र में शिवराज भईया चिंता करते हैं, मोदी जी की अलग-अलग योजनाओं को आप तक पहुंचाते हैं|

मुख्यमंत्री की इतनी सारी योजनायें, अभी-अभी मैं जो दृश्य देखते हुए आया हूँ उनके साथ मैं समझता हूँ मैंने आज तक ऐसी यात्रा, देश में कई यात्राओं में मुझे भाग लेने का मौका मिला, लेकिन ऐसा जनसमर्थन, ऐसा जनआशीर्वाद शायद ही मैंने किधर देखा होगा कि एक मिनट के लिए भी शिवराज जी नीचे उतरकर अन्दर नहीं बैठ पाए, लगातार रास्ते में जो भीड़ उमड़-उमड़कर आई यात्रा के समर्थन में, जो प्यार, चाहे कोई वृद्ध हो, चाहे कोई बच्चा हो सभी के जो मुख पर जो प्यार मुझे देखने को मिला, जो आशीर्वाद लोगों ने शिवराज जी को दिया वास्तव में मुझे आज पूरा विश्वास हो गया है कि मध्य प्रदेश की जनता माननीय शिवराज जी को चौथी बार मुख्यमंत्री बनाने जा रही है और आजका जो मैं दृश्य देखकर आया हूँ अब मुझे पूरा विश्वास है कि अबकी बार 200 पार|

क्यों भाईयों बहनों होगा कि नहीं 200 पार? पक्का? कितना पार होगा? बहुत बढ़िया| मैं रेलवे के भी कुछ आंकड़े देख रहा था, अगले कुछ ही महीनों में छिंदवाड़ा से नागपुर की भी रेल लाइन जो कई वर्षों से लिम्बत पड़ी थी उसको भी हम ख़त्म करने जा रहे हैं| तो छिंदवाड़ा के लोग सीधा यहाँ से नागपुर पहुँच पायेंगे, उनको किधर गाड़ी बदलनी नहीं पड़ेगी, किधर दूर जाकर गाड़ी पकड़नी नहीं पड़ेगी| जो पहले ज़माने में रेल लाइनों को वर्षों-वर्षों दशकों तक काम चलता था लेकिन ख़त्म नहीं होती थी मोदी जी की सरकार आने के बाद इन सब व्यवस्थाओं को तेज़ गति से जनता तक पहुंचाने का काम राज्य सरकार और केंद्र सरकार ने किया है|

मैं आपके समक्ष एक आंकड़ा देना चाहता हूँ| 2009 से 2014 के बीच और आपने तो बड़ी उम्मीदों के साथ एक बहुत बड़े नेता को यहाँ से चुनकर भेजा और वह नेता तो वर्षों तक केंद्र में बड़ा मंत्री के रूप में भी रहा, लेकिन कभी छिंदवाड़ा के विकास की चिंता नहीं की, छिंदवाड़ा में रेल गाड़ी लगे इसकी कोई चिंता नहीं की, सिर्फ छोटे आश्वासन देते रहे अगर रेल गाड़ी को यहाँ लाया तो वह मोदी जी और शिवराज जी के प्रयासों से यह रेल की जो पूरी पटरी पर तेज़ गति से काम हो रहा है और अगले चंद ही महीनों में यह काम पूरा किया जायेगा|

और इसके पीछे राज़ क्या है? 2009 से 2014, पूरे 5 वर्षों में, मात्र 5 वर्षों में भाईयों बहनों, 5 वर्षों में मात्र 3100 करोड़ रुपये पूरे मध्य प्रदेश और आज देश का सबसे बड़ा फैला हुआ इलाका अगर कोई राज्य में है तो मध्य प्रदेश में है| इतने बड़े राज्य में केंद्र सरकार ने जिसका इतना बड़ा मंत्री आप लोगों ने चुनकर भेजा, पर माफ़ करिएगा आपने गलती करली, लेकिन गलती का देखो आपको भुगतान क्या करना पड़ा| 5 वर्षों में सिर्फ पूरे मध्य प्रदेश में 3100 करोड़ रुपये का निवेश हुआ रेलवे में, अगर 3100 पूरे मध्य प्रदेश में हुआ तो आप अंदाज़ा लगाइये कि आपको क्या मिला होगा, कुछ छोटा सा ही अंश मिला होगा 5 वर्षों में|

मोदी जी की सरकार आने के बाद जब शिवराज जी ने वहां पर जाकर बताया कि मध्य प्रदेश कैसे वंचित है रेल व्यवस्थाओं से तो मोदी जी ने इस पूरी मध्य प्रदेश की योजनाओं को पैसा आवंटन करके 5 वर्षों में भाईयों बहनों यह सुन लीजिये, 5 वर्षों में 21,000 करोड़ रुपये मध्य प्रदेश को दिए| 21,000 करोड़ रुपये बनाम 3000 करोड़ रुपये – 7 गुना पैसा आप याद करिए कोई और सरकार ने कभी मध्य प्रदेश को दिया हो|

और अगर मैं इस वर्ष का देखूँ 2018-19 का तो आपको जानकर ख़ुशी होगी 6,300 करोड़ रुपये सिर्फ इस वर्ष में मध्य प्रदेश में निवेश होने जा रहा है जिसके रहते यह छिंदवाड़ा से नागपुर की लाइन भी तेज़ गति से पूरी कर पाएंगे| आपको जानकर ख़ुशी होगी अभी-अभी दो दिन पहले बुधवार को मोदी जी की अध्यक्षता में कैबिनेट ने एक बहुत महत्वपूर्ण निर्णय लिया है बुधनी से इंदौर 4000 करोड़ रुपये की लागत से 260 किलोमीटर की एक नयी रेलवे लाइन बुधनी से इंदौर जिससे जितने लोग दक्षिण भारत, मुंबई, बैंगलोर, हैदराबाद, चेन्नई की तरफ जाते हैं उनका रेल सफ़र 70 किलोमीटर लगभग कम हो जायेगा| और सीधा जो यह इलाका है देवास, इंदौर, विदिशा, बैतूल – बैतूल भी उसमें आता है? बैतूल नहीं आता है! एक और था, सिरोही या कुछ! बुधनी इंदौर मैंने, तीन,… अच्छा, यह पूरे इलाके को जो इतने वर्षों से रेल से वंचित रहे इन सबको एक नए विकास की तरफ बढ़ाते हुए यह रेलवे लाइन अब बनना शुरू हो जाएगी, इसको केंद्र कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है|

तो मुझे पूरा विश्वास है यह जो तेज़ गति से काम मध्य प्रदेश में हो रहा है इसका आशीर्वाद मध्य प्रदेश की जनता पूर्ण रूप से शिवराज जी को देगी| माननीय शिवराज जी को पुनः एक बार 200 लेकर आपके आशीर्वाद से, पुनः एक बार मुख्यमंत्री बनाएगी, और मैं आपसे अनुरोध करता हूँ… परासिया सिर्फ नहीं, पूरे छिंदवाड़ा में यह सन्देश जाये कि छिंदवाड़ा के हर विधायक कमल के फूल से जीतकर जायेगा, भारतीय जनता पार्टी से जीतकर जायेगा जिससे हमारे भी और हौसले बुलंद हो सके, हम यहाँ पर और तेज़ गति से विकास कर सकें|

और यह जो आशीर्वाद आप सबने जनआशीर्वाद यात्रा को दिया है जिसमें माननीय शिवराज जी केंद्र, राज्य सरकार की अलग-अलग योजनाओं से अपना रिपोर्ट कार्ड लेकर आपके समक्ष आये हैं मुझे विश्वास है आपका आशीर्वाद, आपका प्रेम, आपका स्नेह शिवराज मामा के लिए व्यर्थ नहीं जाएगा| शत-प्रतिशत छिंदवाड़ा से भारतीय जनता पार्टी के जनप्रतिनिधि भोपाल जायेंगे और इतना भी विश्वास है कि अगली बार आप केंद्र में भी एक भारतीय जनता पार्टी के उमीदवार को केंद्र में भेजेंगे जो आपकी सेवाओं के लिए तट पर रहेगा और दिन और रात मेहनत करके और नयी-नयी योजनायें लेकर छिंदवाड़ा के लिए विकास करेगा|

अंत में मैं अभी-अभी पूछ रहा था कि इस इलाके में कोई अच्छा स्टेडियम है क्या? और आजकल आप देखते हैं कि कैसे अलग-अलग खेलों में भारत तेज़ गति से प्रगति कर रहा है चाहे वह कॉमनवेल्थ के गेम्स हो, चाहे एशियन गेम्स हो| अभी-अभी कल हमने पाकिस्तान को पराजय किया एशियाड़ में जिसमें भारत की शानदार विजय हुई| तो मैं चाहता हूँ कि छिंदवाड़ा के भी हमारे नौजवान युवा-युवतियों को ऐसे ही खेलकूद में तैयार होने के लिए कौशल विकास के लिए सुविधाएं यहाँ पर हो तो कोल इंडिया लिमिटेड की तरफ से यहाँ पर एक अच्छा स्टेडियम बनाया जायेगा, परासिया में एक अच्छा स्टेडियम बनाया जायेगा|

आप जो कोयला निकालकर देश की सेवा करते हैं, देश आपके इलाके में एक स्टेडियम बनाकर आप सबके लिए सेवा करेगा|

बहुत-बहुत धन्यवाद|

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान जी के साथ छिंदवाड़ा, मध्य प्रदेश में ‘जन आशीर्वाद यात्रा’ में लोगों का उत्साह एवं समर्थन देख एक बार फिर राज्य में भाजपा की जीत निश्चित है

Speaking at Priyadarshni Academy 34th Anniv. Global Awards Function, in Mumbai

Shri Nitin Gadkariji, probably one of the finest Ministers in the government of India, who has revolutionized all the works that he has taken up. And I think we in Mumbai are the most privileged to have had him bring all those flyovers, the Mumbai-Pune Expressway, he’s the person who has made life easy for all the Mumbaikars.

All our dear friends on the dais, off the dais, distinguished Minister from Finland Ms. Elizabeth Rehn, her Excellency, the Ambassador of Finland. I am back in my home city, so I know most of the people sitting here, and I am being as much a part of Priyadarshni as anybody else. So I really feel like it’s a homecoming for me. I enjoy coming to any Priyadarshni Award function. And I congratulate Nanik bhai for empowering this institution for 34 years, keeping the spirit of Priyadarshni alive. Thank you very much Nanik bhai for all the good work you have done.

I think every award function is a great opportunity to recognize talent, to recognize people who give back to society. When we are awarding them, while we are encouraging them to do more, we suddenly are also giving a message to all of us in this room, to all the people who will hear about the awardees that we also have an opportunity to be right here, to be one of the awardees. And it inspires everybody to add to our work, to contribute even more, to be a part, to be a change agent in society, so that we also can make a difference to the lives of the people of India or to people of the world, as this global award actually recognizes.

And clearly, the world has big challenges. The world has challenges on income inequality. We in India have to face a serious challenge of climate change. We are grappling with problems which we are trying to tackle in different forms of corruption, problems of bureaucracy, problems of inefficiency. We are tackling problems of allocation of scarce resources. And in this situation, efforts of people like Dr Mashelkar, efforts of people like Neemalji who have given back to society, efforts of people like Niranjan who are creating the ecosystem to make the real estate sector clean, efforts of people like Mr Bajaj who are helping us to provide good business and honest business in this country.

Work of Ronnie Screwvala who is bringing in entertainment with a message, entertainment which is meaningful. He is shortly going to be coming out with a new film on the surgical strike. Now, it’s something which we are all proud of, something which gave all of us in India confidence that we are safe in this country, the country is in good hands, the country is in the hands of a leader who will protect the unity and integrity and the security of every citizen of this country.

In fact, on the 29th of this month, we complete the first anniversary of the surgical strike. And really a day to celebrate when India evolved and India showed the world that we mean business. Don’t look at us with an evil eye; we can give it right back to you. And I am glad that Ronnie is bringing that out in the form of a film, which I am sure will encourage all the youngsters, all the people of India to be ready to face any challenges that the country faces.

And in that sense, I think an award function, which recognizes good work, encourages them to do even better and also inspires all of us, the rest of us to do our two-bit in society. It’s truly a very-very happy occasion for all of us. I wish Priyadarshni well. I congratulate all the award winners. I wish all of you well in your chosen fields and I pray and wish each one of us in this room will work towards becoming an awardee in the Priyadarshni awards in the future and each one of us will go back inspired to give back to society.

Thank you very much ladies and gentlemen.

Attended Priyadarshni Academy 34th anniversary Global Awards, and spoke about the need to recognize talents who give back to the society and who inspire others to do more

कैबिनेट ने विद्युतीकरण के साथ इंदौर-बुदनी के बीच नई रेल लाइन को स्वीकृति दी, इस नई रेल लाइन के बनने से क्षेत्र का औद्योगिक सामजिक व आर्थिक विकास तेज़ गति से होगा, और यह रेल लाइन मध्य प्रदेश के विकास में भी महत्वपूर्ण योगदान देगी

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में मंत्रिमंडलीय आर्थिक समिति ने बुधनी से इंदौर (मांगलियागांव) के बीच 205.5 किलोमीटर लम्बी नई रेल लाईन के निर्माण को मंजूरी दे दी है। इस परियोजना की कुल अनुमानित लागत 3261.82 करोड़ रुपये है।

इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य पिछड़े क्षेत्रों का विकास तथा इंदौर से जबलपुर के बीच यात्रा समय में कमी और इंदौर से मुम्बई तथा दक्षिण की ओर यात्रा समय में कमी लाना है । इससे भोपाल के रास्ते वर्तमान मार्ग की तुलना में इंदौर और जबलपुर के बीच की दूरी 68 किलोमीटर कम हो जाएगी। इससे क्षेत्र के लोगों और उद्योगों को बेहतर परिवहन सुविधा मिलेगी। इससे परियोजना क्षेत्र में रोजगार सृजन होगा। निर्माण अवधि के दौरान 49.32 लाख मानवदिवसों का प्रत्यक्ष रोजगार सृजन होगा।

प्रस्तावित लाईन बुधनी के वर्तमान यार्ड से प्रारंभ होगी और इंदौर के निकट पश्चिमी रेलवे के वर्तमान स्टेशन मांगलियागांव से जुड़ेगी। इस मार्ग पर दस नए क्रॉसिंग स्टेशन और सात नए हाल्ट स्टेशन बनाने का प्रस्ताव है। नई लाईन से सिहोर, देवास तथा इंदौर जिलों को लाभ होगा और बुधनी से इंदौर के बीच सीधा संपर्क स्थापित होगा। अभी बुधनी से बरखेड़ा घाट सेक्शन सहित भोपाल-इटारसी के भीड़ वाले मार्ग से जाना पड़ता है।

नई लाईन आस-पास के क्षेत्र के औद्योगिक विकास के लिए बुनियादी ढ़ाचागत सुविधा प्रदान करेगी और इससे सामाजिक-आर्थिक लाभ होंगे। यह परियोजना इस क्षेत्र के पिछड़े वर्ग का विकास करने तथा नसरुल्लागंज, खातेगांव तथा कन्नौद जैसे विभिन्न शहरो/गांवों से रेल संपर्क स्थापित होगा, जहां अभी रेल संपर्क नहीं है।

 

Source: http://pib.nic.in/PressReleaseIframePage.aspx?PRID=1546627

On the back of a phenomenal 12% jump in domestic coal production, the coal offtake to power plants has increased by 9.5%, providing ample supply to power India

Enhanced coal despatches are slowly leading a recovery in capacity utilization at thermal power plants

Photo: Shutterstock

 

Coal offtake from Coal India Ltd (CIL) has risen by 9.5 percent during April-August to 246.90 million tonnes (mt) from 225.43 mt in the same period of last year. Production of the dry fuel went up 12 per cent to 216.23 mt, marking a 12 per cent growth in the period.

Enhanced coal despatches are slowly leading a recovery in capacity utilisation at thermal power plants. Data by the Central Electricity Authority (CEA) shows Plant Load Factor (PLF) at thermal power plants improved to 61.64 per cent in April-July this fiscal, from 59.61 per cent for the corresponding period in FY18. The improved load at coal-fired generating stations helped in greater electricity generation from the conventional energy sources. Electricity production in this fiscal at the end of July was 421.3 billion units, a growth of 3.7 per cent over the comparable period of the last financial year. Though renewable power is growing at a rapid pace, thermal power still accounted for 77 per cent of the total electricity generation.

Ratio of coal supplied to coal allocated by CIL and Singareni Collieries Company Ltd (SCCL) to CEA-monitored plants stood at 90 per cent, indicating a shortfall of 10 per cent. Coal e-auction volumes slid by 20 per cent in April-July though prices at the online auctions commanded a premium of 75-85 per cent.

With both production and despatches looking up, the dependence on imported coal supplies has shrunk. Use of imported steam coal fell 9.2 per cent to 17.52 mt in April-July when compared with the same period in FY18.

 

Source: https://www.business-standard.com/article/economy-policy/coal-offtake-rises-9-5-to-247-mn-tonnes-in-april-august-production-up-12-118091500474_1.html

Met with Shri Thiru Thangamani, Minister of Electricity, Tamil Nadu, in New Delhi

Visited Railway Hospital in New Delhi and inspected the state of cleanliness and hygiene as part of the ‘Swachhta Hi Seva’ program. Took feedback from patients and was happy to interact with the hospital staff who have kept the hospital clean for the well being of patients

Delhi

Vanijya Bhawan, 16, Akbar Rd, New Delhi - 110001

Mumbai

Lok Kalyan Karyalay - 56, Balasinor Society, SV Road, Opp Fire Brigade, Kandivali West, Mumbai, Maharashtra, 400067

022-35415953